ग्लॉसोडाइनिया (Glossodynia) जिसे हिंदी में जिह्वा-दाह सिंड्रोम (Burning Mouth Syndrome) भी कहा जाता है, एक ऐसी स्थिति है जिसमें जीभ या पूरे मुंह में जलन, दर्द, या असहजता महसूस होती है। यह समस्या अधिकतर महिलाओं में, खासकर रजोनिवृत्ति (Menopause) के बाद देखने को मिलती है। इसमें जीभ पर लालिमा, सूजन या कभी-कभी स्वाद में परिवर्तन भी महसूस होता है। यह स्थिति क्रोनिक (दीर्घकालीन) हो सकती है और इसका सही कारण हमेशा स्पष्ट नहीं होता।
ग्लॉसोडाइनिया क्या होता है (What is Glossodynia?)
ग्लॉसोडाइनिया एक न्यूरोलॉजिकल और ओरल (Oral) विकार है जिसमें जीभ या मुंह के अन्य हिस्सों में लगातार जलन या दर्द होता है।
- इसमें किसी तरह का संक्रमण (Infection) या अल्सर (Ulcer) जरूरी नहीं होता।
- यह कई बार मानसिक तनाव, पोषण की कमी और हार्मोनल बदलाव से भी जुड़ा होता है।
- रोगी को ऐसा महसूस हो सकता है जैसे उसकी जीभ पर मिर्च लगी हो।
ग्लॉसोडाइनिया कारण (Causes of Glossodynia)
ग्लॉसोडाइनिया के कारण पूरी तरह स्पष्ट नहीं हैं, लेकिन सामान्य कारण इस प्रकार हैं –
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पोषण की कमी (Nutritional Deficiency):
- विटामिन B12, आयरन, फोलिक एसिड की कमी।
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हार्मोनल असंतुलन (Hormonal Imbalance):
- विशेष रूप से महिलाओं में मेनोपॉज़ (Menopause) के बाद।
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मनोवैज्ञानिक कारण (Psychological Factors):
- तनाव (Stress), चिंता (Anxiety), अवसाद (Depression)।
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एलर्जी और संवेदनशीलता (Allergies and Sensitivity):
- दंत उपचार सामग्री, टूथपेस्ट या माउथवॉश से एलर्जी।
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दवाइयों का प्रभाव (Side Effects of Medicines):
- कुछ एंटीबायोटिक्स, हाई ब्लड प्रेशर या डायबिटीज की दवाइयाँ।
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अन्य कारण (Other Causes):
- मधुमेह (Diabetes)
- ओरल फंगल इंफेक्शन (Oral Candidiasis)
- सूखा मुँह (Dry Mouth / Xerostomia)
ग्लॉसोडाइनिया के लक्षण (Symptoms of Glossodynia)
- जीभ या मुँह में जलन का अहसास
- स्वाद में परिवर्तन (कड़वा या धातु जैसा स्वाद)
- मुँह का सूखापन
- जीभ की नोक या किनारों में चुभन जैसा अहसास
- हल्की सूजन या लालिमा
- बोलने, खाने या पीने में असहजता
- लंबे समय तक रहने वाला दर्द जो दिनभर बढ़ सकता है
ग्लॉसोडाइनिया की पहचान कैसे करें (How to Diagnose Glossodynia)
डॉक्टर निम्नलिखित तरीकों से इसकी पहचान करते हैं:
- क्लिनिकल हिस्ट्री (Clinical History): लक्षण और उनका समय।
- ब्लड टेस्ट (Blood Test): पोषण की कमी या डायबिटीज की जाँच।
- एलर्जी टेस्ट (Allergy Test): दवाइयों या खाद्य पदार्थों से संवेदनशीलता।
- ओरल एग्जामिनेशन (Oral Examination): संक्रमण, अल्सर या अन्य कारण को बाहर करना।
ग्लॉसोडाइनिया इलाज (Treatment of Glossodynia)
ग्लॉसोडाइनिया का इलाज इसके मूल कारण पर निर्भर करता है।
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दवाइयाँ (Medications):
- विटामिन B12, आयरन, फोलिक एसिड सप्लीमेंट्स।
- एंटी-फंगल दवाइयाँ (अगर फंगल संक्रमण है)।
- लार बढ़ाने वाली दवाइयाँ (Dry Mouth के लिए)।
- एंटीडिप्रेसेंट्स और एंटी-एंग्जायटी दवाइयाँ।
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लोकल ट्रीटमेंट (Local Treatment):
- मुंह को हाइड्रेटेड रखना।
- बिना अल्कोहल वाले माउथवॉश का प्रयोग।
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लाइफस्टाइल मैनेजमेंट (Lifestyle Management):
- तनाव कम करना।
- संतुलित आहार लेना।
- धूम्रपान और अल्कोहल से बचना।
ग्लॉसोडाइनिया कैसे रोके (Prevention of Glossodynia)
- संतुलित आहार लें जिसमें विटामिन और मिनरल्स पर्याप्त मात्रा में हों।
- पर्याप्त पानी पिएँ और मुँह को सूखने न दें।
- तनाव कम करने के लिए योग और ध्यान करें।
- धूम्रपान, शराब और तीखे मसालेदार भोजन से बचें।
- नियमित रूप से दाँतों और मुँह की देखभाल करें।
घरेलू उपाय (Home Remedies for Glossodynia)
- ठंडा पानी और बर्फ के टुकड़े – जलन को तुरंत शांत करने में मदद करते हैं।
- एलोवेरा जेल (Aloe Vera Gel) – मुंह के अंदर की जलन कम करता है।
- शहद (Honey) – प्राकृतिक एंटीबैक्टीरियल और सूजन कम करने वाला।
- तुलसी और पुदीना – मुँह को ठंडक और आराम देते हैं।
- लौंग का तेल (Clove Oil) – दर्द और जलन को कम करता है।
सावधानियाँ (Precautions in Glossodynia)
- बहुत गरम या मसालेदार भोजन से बचें।
- अल्कोहल आधारित माउथवॉश का प्रयोग न करें।
- दाँतों के उपचार या नई दवाइयों से समस्या बढ़े तो तुरंत डॉक्टर को बताएं।
- ज्यादा देर तक तनाव और चिंता में न रहें।
- नियमित रूप से ओरल चेकअप कराएं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs on Glossodynia)
प्रश्न 1: क्या ग्लॉसोडाइनिया संक्रामक (Contagious) है?
नहीं, यह किसी से फैलता नहीं है।
प्रश्न 2: क्या यह जीवनभर रहता है?
कुछ मामलों में यह लंबे समय तक रह सकता है लेकिन सही उपचार और प्रबंधन से ठीक किया जा सकता है।
प्रश्न 3: क्या ग्लॉसोडाइनिया का संबंध कैंसर से है?
नहीं, इसका सीधा संबंध कैंसर से नहीं है। लेकिन लगातार जलन होने पर डॉक्टर से जरूर दिखाएँ।
प्रश्न 4: क्या घरेलू उपचार से यह पूरी तरह ठीक हो सकता है?
घरेलू उपाय केवल लक्षणों को कम करते हैं, पूरी तरह इलाज के लिए डॉक्टर की सलाह आवश्यक है।
निष्कर्ष (Conclusion)
ग्लॉसोडाइनिया (Glossodynia) एक गंभीर लेकिन प्रबंधनीय स्थिति है जिसमें जीभ और मुँह में लगातार जलन और दर्द होता है। इसके कारण पोषण की कमी, हार्मोनल बदलाव, दवाइयों के साइड इफेक्ट और तनाव हो सकते हैं। सही समय पर निदान, संतुलित आहार, घरेलू उपाय और चिकित्सकीय उपचार से इस समस्या को नियंत्रित किया जा सकता है।
